बरेली में दारोगा नरेश बाबू पर महिला से इश्क, प्रेग्नेंट करने और फिर बेवफाई का लगा गंभीर आरोप...अब हो गया ये तगड़ा एक्शन!

यूपी तक

• 02:02 PM • 08 Jul 2026

Bareilly SI suspension: उत्तर प्रदेश के बरेली में एक महिला ने उपनिरीक्षक पर शादी और नौकरी का झांसा देकर शारीरिक शोषण, जबरन गर्भपात कराने, पैसे लेने और धमकाने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं.

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Bareilly SI suspension: उत्तर प्रदेश के बरेली जिले से पुलिस विभाग से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है. यहां एक महिला ने उपनिरीक्षक (दरोगा) पर शादी और नौकरी का झांसा देकर कई बार शारीरिक शोषण करने, पैसे लेने, जबरन गर्भपात कराने और धमकाने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं. महिला की शिकायत सामने आने के बाद बरेली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अनुराग आर्य ने तत्काल संज्ञान लेते हुए आरोपी उपनिरीक्षक को निलंबित कर विभागीय जांच के आदेश दे दिए हैं. फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है और महिला द्वारा लगाए गए सभी आरोप जांच के दायरे में हैं.

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पति से विवाद के बाद न्याय की उम्मीद में पहुंची थी थाने

यह मामला बरेली के बारादरी थाना क्षेत्र से जुड़ा है. महिला का आरोप है कि वह कई वर्षों से अपने पति से अलग रह रही थी और दोनों के बीच पारिवारिक विवाद चल रहा था. इसी मामले में कार्रवाई और न्याय की उम्मीद लेकर वह बारादरी थाने पहुंची थी.

महिला का कहना है कि उस समय बारादरी थाने में तैनात रहे उपनिरीक्षक नरेश बाबू ने उसके पति के खिलाफ कार्रवाई कराने का भरोसा दिया. धीरे-धीरे उन्होंने महिला का विश्वास जीत लिया. महिला के मुताबिक दरोगा खुद को पुलिस विभाग में प्रभावशाली बताता था और दावा करता था कि उसकी अच्छी पकड़ है.

नौकरी और शादी का झांसा देकर संबंध बनाने का आरोप

पीड़िता का आरोप है कि आरोपी दरोगा ने उसे पुलिस विभाग में नौकरी दिलाने का लालच दिया. इसी बहाने वह लगातार उसके करीब आता गया. महिला का कहना है कि सरकारी क्वार्टर में कई बार उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए गए.

महिला के अनुसार जब उसने इसका विरोध किया और वरिष्ठ अधिकारियों से शिकायत करने की बात कही तो दरोगा ने अपनी पत्नी से मनमुटाव का हवाला देते हुए उससे शादी करने का वादा किया. साथ ही नौकरी दिलाने का भरोसा भी दोहराता रहा, जिससे वह उसकी बातों पर विश्वास करती रही. लेकिन समय बीतने के साथ महिला को एहसास हुआ कि उसके साथ धोखा किया जा रहा है.

पैसे लेने, धमकाने और जबरन गर्भपात कराने के भी आरोप

महिला ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि आरोपी उपनिरीक्षक ने केवल शारीरिक शोषण ही नहीं किया, बल्कि उससे कई बार पैसे भी लिए. जब उसने सवाल उठाने शुरू किए तो आरोपी का व्यवहार बदल गया.

पीड़िता का आरोप है कि दरोगा ने अपने प्रभाव का डर दिखाते हुए उसे चुप रहने की धमकी दी और कहा कि यदि उसने किसी को कुछ बताया तो उसे और उसके परिवार को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे.

महिला ने एक और गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि नौकरी का झांसा देकर बनाए गए संबंधों के बाद वह गर्भवती हो गई थी. इसके बाद आरोपी ने उस पर दबाव बनाकर जबरन गर्भपात (अबॉर्शन) करा दिया. हालांकि इन आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी.

दरोगा की पत्नी और बेटे पर भी मारपीट का आरोप

पीड़िता ने शिकायत में यह भी कहा है कि जब उसने आरोपी का विरोध करना शुरू किया तो एक दिन दरोगा की पत्नी और उसका बेटा उसके पास पहुंचे और उसके साथ मारपीट की.

महिला का आरोप है कि आरोपी के परिवार ने भी शिकायत वापस लेने के लिए उसे धमकाया. उसने कहा कि वह लगातार मानसिक प्रताड़ना झेल रही है और शिकायत दर्ज कराने के बाद भी उसे लगातार धमकियां मिल रही हैं. महिला ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से निष्पक्ष जांच कर आरोपी उपनिरीक्षक और उसके परिवार के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है.

SSP ने लिया तत्काल संज्ञान, आरोपी दरोगा निलंबित

मामला सामने आने के बाद बरेली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अनुराग आर्य ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी उपनिरीक्षक नरेश बाबू को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया. पुलिस की ओर से जारी बयान में कहा गया कि महिला द्वारा लगाए गए शारीरिक शोषण, मारपीट और अन्य गंभीर आरोपों को गंभीरता से लिया गया है.

पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपी के खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जा रही है. जांच पूरी होने के बाद तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

जांच के बाद ही सामने आएगी सच्चाई

फिलहाल महिला की शिकायत के आधार पर जांच जारी है. पुलिस का कहना है कि लगाए गए सभी आरोपों की सत्यता की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी. हालांकि इस मामले ने एक बार फिर पुलिस व्यवस्था और आम नागरिकों के भरोसे को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं.

अब सबकी निगाहें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं, क्योंकि उसी के आधार पर यह तय होगा कि महिला के आरोप कितने सही हैं और आरोपी उपनिरीक्षक के खिलाफ आगे क्या कार्रवाई की जाएगी.