समाजवादी पार्टी में महिला सम्मान और गुटबाजी को लेकर रूचि वीरा ने कह दी ये बड़ी बात...

UP News: मुरादाबाद में हुए पीडीए सम्मेलन को लेकर समाजवादी पार्टी में बयानबाज़ी तेज हो गई है. सांसद रुचि वीरा ने ओपी राजभर पर गुटबाजी फैलाने और उन्हें कार्यक्रम से दूर रखने का आरोप लगाया है.

यूपी तक

• 01:04 PM • 19 Jun 2026

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UP News: उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर सियासी बयानबाज़ी तेज हो गई है. समाजवादी पार्टी (सपा) की सांसद रुचि वीरा ने पीडीए (PDA) सम्मेलन को लेकर उठे विवाद और ओपी राजभर के बयानों पर कड़ा पलटवार किया है. इस पूरे घटनाक्रम में पार्टी के भीतर गुटबाजी, महिलाओं के सम्मान और संगठनात्मक समन्वय को लेकर कई गंभीर आरोप-प्रत्यारोप सामने आए हैं.

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“पार्टी में महिला सम्मान की कमी नहीं”: रुचि वीरा का पलटवार

सांसद रुचि वीरा ने साफ कहा कि उनकी पार्टी में महिलाओं के सम्मान की कोई कमी नहीं है. उन्होंने दावा किया कि पार्टी में कोई अंदरूनी कलह या तोड़फोड़ नहीं है. उन्होंने ओपी राजभर पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें बहुत गंभीरता से लेने की जरूरत नहीं है और यह एक व्यक्ति पूरी पार्टी का जिम्मेदार नहीं हो सकता.

राजभर को लेकर कह दी ये बड़ी बात 

रुचि वीरा ने एक बड़ा दावा करते हुए कहा कि विश्वस्त सूत्रों से उन्हें जानकारी मिली है कि ओपी राजभर समाजवादी पार्टी में आने के लिए संपर्क कर रहे हैं और बेचैन हैं. उन्होंने कहा कि पार्टी की विचारधारा और नेतृत्व महिलाओं के सम्मान में विश्वास रखता है, और इसे किसी व्यक्ति विशेष के बयान से नहीं आंका जा सकता.

PDA सम्मेलन और निमंत्रण विवाद

मुरादाबाद में आयोजित पीडीए सम्मेलन को लेकर विवाद तब बढ़ा जब रुचि वीरा की अनुपस्थिति पर सवाल उठाए गए. इस पर उन्होंने कहा कि उन्हें न तो कोई सूचना दी गई और न ही उनके पोस्टर या बैनर में फोटो लगाया गया, जिससे साफ होता है कि उन्हें बुलाने की मंशा ही नहीं थी. उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग जानबूझकर इस पूरे कार्यक्रम को विवादित बनाने की कोशिश कर रहे हैं और इसके पीछे महिला विरोधी सोच हो सकती है.

“मुझे अपमानित करने की कोशिश हुई”: गंभीर आरोप

सांसद रुचि वीरा ने कहा कि उन्हें जानबूझकर कार्यक्रम से दूर रखा गया और यह उनके सम्मान के खिलाफ है. उन्होंने कहा कि वह इस मामले को पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव तक लेकर जाएंगी और उनसे इस पर संज्ञान लेने की मांग करेंगी.

रुचि वीरा ने कहा कि PDA का मतलब सभी वर्गों-दलित, पिछड़े, अल्पसंख्यक, महिला, युवा, किसान और व्यापारी—को जोड़ना है, न कि तोड़ना. उन्होंने कहा कि अगर किसी जिले में इस तरह की गतिविधियां हो रही हैं तो यह पार्टी की मूल भावना के खिलाफ है और इसे रोकना चाहिए.

ओपी राजभर के ट्वीट पर जवाब

ओपी राजभर द्वारा सोशल मीडिया पर किए गए दावे कि उन्हें जानकारी थी लेकिन फिर भी वह नहीं पहुंचीं, इस पर रुचि वीरा ने कहा कि जब उन्हें बुलाया ही नहीं गया और न ही उनका नाम या फोटो पोस्टर में था, तो उपस्थिति का सवाल ही नहीं उठता. उन्होंने कहा कि यह सब जानबूझकर गुटबाजी फैलाने की कोशिश है.

एक व्यक्ति पार्टी को नुकसान पहुंचा रहा है

सांसद ने आरोप लगाया कि एक बाहरी व्यक्ति जिले में गुटबाजी फैलाने और पार्टी को कमजोर करने की कोशिश कर रहा है. उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय अध्यक्ष को इस मामले में तुरंत संज्ञान लेना चाहिए और आवश्यक कार्रवाई करनी चाहिए.

अखिलेश यादव से मुलाकात की तैयारी

रुचि वीरा ने कहा कि उन्होंने पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव से मिलने का समय मांगा है और जल्द ही वे पूरे मामले की जानकारी देंगे. उन्होंने भरोसा जताया कि पार्टी नेतृत्व इस पूरे विवाद को गंभीरता से लेगा और मुरादाबाद जैसे महत्वपूर्ण जिले में संगठनात्मक स्थिति को मजबूत करेगा.