आजम खान और बेटे अब्दुल्ला आजम को हाईकोर्ट से मिली जमानत, दो पैन कार्ड मामले में ट्रायल कोर्ट ने सुनाई थी सजा

पंकज श्रीवास्तव

• 01:21 PM • 29 Oct 2026

Azam Khan Bail: समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम खान को दो पैन कार्ड के चर्चित मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है. जस्टिस समित गोपाल की सिंगल बेंच ने दोनों नेताओं की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है.

Azam Khan and Abdullah Azam Bail

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Azam Khan Bail: समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम खान को दो पैन कार्ड के चर्चित मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है. जस्टिस समित गोपाल की सिंगल बेंच ने दोनों नेताओं की जमानत अर्जी मंजूर कर ली है और उनकी सजा को भी निलंबित कर दिया है. हालांकि हाईकोर्ट ने दोनों की दोषसिद्धि पर रोक लगाने की मांग को नामंजूर कर दिया है. बता दें कि आजम खान और अब्दुल्ला आजम ने ट्रायल कोर्ट के फैसले को चुनौती देते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट में यह याचिका दाखिल की थी.

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हाईकोर्ट ने सुरक्षित रखा था फैसला

दो पैन कार्ड मामलों में आजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम को ट्रायल कोर्ट ने सजा सुनाई थी. ट्रायल कोर्ट के इस फैसले के खिलाफ दोनों ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में क्रिमिनल रिवीजन याचिका दाखिल की थी. इस याचिका में उन्होंने कोर्ट से दोषसिद्धि पर रोक लगाने, सजा को निलंबित करने और अंतरिम जमानत पर रिहा करने की मांग की थी. इस मामले में 15 अक्टूबर को सुनवाई पूरी हो गई थी, जिसके बाद हाईकोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था.

दोषसिद्धि पर रोक लगाने से इनकार

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अब अपना फैसला सुनाते हुए आजन खान और बेटे अब्दुल्ला आजम को जमानत दे दी है. इसके साथ ही कोर्ट ने उनकी सजा निलंबित करने का भी आदेश दिया है. इस फैसले से आजम खान और अब्दुल्ला आजम को फौरी तौर पर बड़ी राहत जरूर मिली है, लेकिन हाईकोर्ट ने उनकी दोषसिद्धि पर रोक लगाने की मांग को पूरी तरह से खारिज कर दिया है.

क्या है दो पैन कार्ड का पूरा मामला?

यह पूरा मामला समाजवादी पार्टी के नेता अब्दुल्ला आजम खान के दो पैन कार्ड से जुड़ा हुआ है. आरोप है कि अब्दुल्ला आजम ने गलत तरीके से दो अलग-अलग जन्मतिथि वाले पैन कार्ड बनवाए थे और इस काम में उनके पिता आजम खान ने भी उनकी मदद की थी. इसी मामले में निचली अदालत (ट्रायल कोर्ट) ने दोनों को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई थी, जिसके खिलाफ दोनों ने हाईकोर्ट का रुख किया था. 

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