उत्तर प्रदेश की सियासत में एक तस्वीर ने नए सवाल खड़े कर दिए हैं. योगी सरकार के कैबिनेट मंत्री राकेश सचान की समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के साथ तस्वीर सामने आई है. तस्वीर उस वक्त की बताई जा रही है, जब सपा के राज्यसभा उम्मीदवारों के नामांकन की प्रक्रिया चल रही थी.
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समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश से राज्यसभा चुनाव के लिए प्रो. राम गोपाल यादव और धनराज परिमल नाथवानी को उम्मीदवार बनाया है. दोनों उम्मीदवारों ने 30 सितंबर को अखिलेश यादव की मौजूदगी में नामांकन दाखिल किया.
मंत्री राकेश सचान की तस्वीर सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में सवाल उठ रहा है कि योगी सरकार के मंत्री राकेश सचान सपा उम्मीदवारों के नामांकन के दौरान वहां क्या कर रहे थे? इसी के साथ राज्यसभा चुनाव में बीजेपी के भीतर संभावित क्रॉस वोटिंग को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है...
अखिलेश के साथ क्यों चर्चा में आई तस्वीर?
राकेश सचान की अखिलेश यादव के साथ तस्वीर ऐसे समय सामने आई है, जब यूपी में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए चुनावी प्रक्रिया चल रही है. सपा ने दो उम्मीदवारों के नाम का ऐलान किया है और दोनों ने नामांकन दाखिल किया है. धनराज परिमल नाथवानी सपा के उम्मीदवार के तौर पर सामने आए हैं, जबकि प्रो. राम गोपाल यादव पार्टी के पुराने और प्रमुख नेताओं में शामिल हैं.
यही वजह है कि राकेश सचान की मौजूदगी और अखिलेश यादव के साथ उनकी तस्वीर को लेकर तरह-तरह की राजनीतिक चर्चाएं शुरू हो गई हैं. सवाल यह भी उठाया जा रहा है कि बीजेपी सरकार में मंत्री होने के बावजूद वह सपा के उम्मीदवारों के नामांकन से जुड़े कार्यक्रम में क्यों नजर आए.
पिछले दिनों राकेश सचान से वापस लिया गया था बड़ा विभाग
राकेश सचान को लेकर चर्चा इसलिए भी हो रही है क्योंकि इसी साल हुए योगी सरकार के दूसरे मंत्रिमंडल विस्तार के बाद उनके विभागों में बदलाव किया गया था. नए मंत्रियों को विभाग बांटे जाने के बाद राकेश सचान से सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग वापस ले लिया गया था.
विभाग कैबिनेट मंत्री भूपेंद्र सिंह चौधरी को दिया गया. इसके बाद राकेश सचान के पास खादी एवं ग्रामोद्योग, रेशम उद्योग और हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग से जुड़े विभाग रह गए.
इसी घटनाक्रम को अब उनकी नई तस्वीर के साथ जोड़कर भी राजनीतिक चर्चाएं की जा रही हैं. हालांकि, राकेश सचान की तस्वीर सामने आने का उनके राजनीतिक रुख या राज्यसभा चुनाव में वोटिंग से सीधा संबंध है, ऐसा कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है.
कौन हैं राकेश सचान?
राकेश सचान उत्तर प्रदेश की राजनीति में लंबे समय से सक्रिय नेता हैं. वह कानपुर देहात के भोगनीपुर विधानसभा क्षेत्र से बीजेपी के विधायक हैं और योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री हैं. उपलब्ध चुनावी प्रोफाइल के मुताबिक, उनकी शैक्षिक योग्यता स्नातकोत्तर है और उन्होंने कानपुर विश्वविद्यालय से 1985 में हिंदी में एमए किया है.
उनकी राजनीतिक पहचान कुर्मी समाज के प्रमुख नेताओं में भी होती है. राकेश सचान का राजनीतिक सफर लंबे समय से उत्तर प्रदेश की राजनीति से जुड़ा रहा है. उपलब्ध प्रोफाइल में 2007 और 2012 में विधायक चुने जाने और बाद में बीजेपी के टिकट पर 2022 में भोगनीपुर से जीत दर्ज करने का उल्लेख है.
अब चर्चा किस बात की?
तस्वीर के सामने आने के बाद सबसे ज्यादा चर्चा राज्यसभा चुनाव को लेकर हो रही है. यूपी की 10 राज्यसभा सीटों के लिए चुनाव होना है. बीजेपी और सपा के पास अपने-अपने उम्मीदवारों को जिताने के लिए विधायकों के वोट जरूरी होंगे. इसलिए राकेश सचान जैसे बीजेपी विधायक की सपा के नामांकन से जुड़े कार्यक्रम में मौजूदगी को लेकर राजनीतिक सवाल उठ रहे हैं.
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