Mayawati On Akash Anand and Ashok Siddharth: बहुजन समाज पार्टी (BSP) की प्रमुख मायावती ने आकाश आनंद की पार्टी में वापसी के बाद उनकी सक्रियता की सराहना की है. उन्होंने कहा कि आकाश आनंद अब परिवार और रिश्तों से ऊपर पार्टी व मूवमेंट के कामों को प्राथमिकता देते हुए अपनी जिम्मेदारियां निभा रहे हैं. वहीं, मायावती ने आकाश आनंद के ससुर अशोक सिद्धार्थ की पार्टी में वापसी की अटकलों पर पूरी तरह विराम लगा दिया है. उन्होंने साफ कहा कि अशोक सिद्धार्थ को किसी भी परिस्थिति में और किसी भी कीमत पर दोबारा बसपा में शामिल नहीं किया जाएगा. इसके साथ ही मायावती ने आकाश आनंद के आगामी कार्यक्रमों का शेड्यूल जारी किया और अपने भाई आनंद कुमार के छोटे बेटे ईशान आनंद को भी पार्टी के कामकाज में सक्रिय भूमिका देने की जानकारी दी.
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आकाश आनंद की सक्रियता पर मायावती ने क्या कहा?
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर आकाश आनंद की तारीफ की. उन्होंने कहा कि बसपा के राष्ट्रीय संयोजक के रूप में आकाश आनंद सूझबूझ और परिपक्वता दिखा रहे हैं. वे पार्टी और मूवमेंट के कामों को परिवार व रिश्ते-नातों से ऊपर रखकर अपनी जिम्मेदारियां निभाने में मेहनत और तेजी से जुट गए हैं. मायावती के मुताबिक बहुजन समाज के लोगों को भी उनसे काफी उम्मीदें हैं. उन्होंने कार्यकर्ताओं से आकाश आनंद को सौंपे गए कार्यक्रमों को सफल बनाने की अपील की.
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यूपी के 5 जिलों में जनसभाएं करेंगे आकाश आनंद
मायावती ने आकाश आनंद के आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों की तारीखें भी बताईं. इसके मुताबिक आकाश आनंद 28 अक्टूबर को बुलंदशहर, 2 नवंबर को सहारनपुर, 20 नवंबर को अयोध्या, 22 नवंबर को आगरा और 29 नवंबर को कानपुर नगर में बसपा की जनसभाओं को संबोधित करेंगे. इसके अलावा 26 नवंबर को संविधान दिवस के अवसर पर पंजाब में आयोजित विचार संगोष्ठी समारोह में वे मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे. वहीं, 6 दिसंबर को बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर हरिद्वार में आयोजित विचार संगोष्ठी समारोह या जनसभा को भी संबोधित करेंगे.
अशोक सिद्धार्थ की वापसी पर मायावती का दो टूक संदेश
मायावती ने अपने पोस्ट में पिछले दिनों हुए अप्रिय घटनाक्रम के लिए आकाश आनंद से ज्यादा उनके रिश्तेदार अशोक सिद्धार्थ को जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने कहा कि इसी वजह से अशोक सिद्धार्थ को पार्टी से बाहर किया गया और उन्हें राजनीति से संन्यास लेने की सलाह दी गई. मायावती ने कार्यकर्ताओं को आगाह किया कि कुछ स्वार्थी तत्व तरह-तरह के हथकंडे अपनाकर लोगों को गुमराह कर रहे हैं. उन्होंने अशोक सिद्धार्थ की बसपा में वापसी से जुड़ी अफवाहों को खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि उन्हें अब किसी भी क़ीमत पर फिर से पार्टी में पुनः वापिस नहीं लिया.
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