कानपुर में एक इवेंट में हुई परफॉर्मेंस को लेकर सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अंजलि अरोड़ा और कार्यक्रम के आयोजक आमने-सामने हैं. 15 अक्टूबर को हुए ‘नगाड़ा नाइट्स’ कार्यक्रम के बाद शुरू हुआ विवाद अब कानूनी कार्रवाई तक पहुंच गया है. आयोजकों ने अंजलि को 1.20 करोड़ रुपये का कानूनी नोटिस भेजा है. उनका आरोप है कि अंजलि ने तय समय के मुकाबले बहुत कम देर तक डांस किया और फिर कार्यक्रम छोड़कर चली गईं.
ADVERTISEMENT
आयोजकों के मुताबिक, अंजलि की प्रस्तुति 45 मिनट की होनी थी, लेकिन उन्होंने करीब 12 मिनट ही डांस किया. उनका दावा है कि इस वजह से स्पॉन्सरों ने भुगतान रोक दिया और उन्हें करीब 20 लाख रुपये का नुकसान हुआ. आयोजकों ने स्वरूप नगर थाने में शिकायत देकर अंजलि के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग भी की है.
मैनेजर से बातचीत के बाद 3 लाख रुपये में तय हुई थी परफॉर्मेंस
वरिष्ठ अधिवक्ता करीम अहमद सिद्दीकी के मुताबिक, 15 अक्टूबर को कानपुर के लाजपत भवन लॉन में नगाड़ा नाइट्स कार्यक्रम आयोजित किया गया था. इसे शोर बैंड के संचालक अमन निगम, डिजिटल मार्केटिंग कंपनी के संचालक आशीष कुमार और इवेंट प्लानर अनुभव राज ने मिलकर आयोजित किया था.
वकील के अनुसार, अंजलि की मैनेजर प्रीति दुबे से बातचीत के बाद उनकी प्रस्तुति के लिए 3 लाख रुपये तय हुए थे. आयोजकों का कहना है कि उन्होंने अलग-अलग बैंक खातों में कुल 2.75 लाख रुपये ट्रांसफर किए थे. इसके अलावा अंजलि और उनकी टीम के चार सदस्यों के हवाई सफर, होटल में ठहरने और खाने-पीने का खर्च भी आयोजकों ने उठाया था.
आयोजकों ने आरोप लगाया कि 15 अक्टूबर को शाम करीब 4 बजे कानपुर एयरपोर्ट पहुंचने के बाद अंजलि ने बाकी 75 हजार रुपये मिलने तक एयरपोर्ट से बाहर आने से इनकार कर दिया था. उनके मुताबिक, बाकी रकम का भुगतान होने के बाद ही वह अपनी टीम के साथ बाहर निकलीं.
रात 9:45 बजे मंच पर पहुंचीं, करीब 12 मिनट बाद चली गईं
अधिवक्ता करीम अहमद सिद्दीकी के मुताबिक, अंजलि की प्रस्तुति रात 9 बजे से 9:45 बजे के बीच होनी थी. हालांकि, वह करीब 9:45 बजे मंच पर पहुंचीं. आयोजकों का आरोप है कि उन्होंने लगभग 12 मिनट तक डांस किया. इसके बाद उनकी मैनेजमेंट टीम के साथ कहासुनी हुई और वह कार्यक्रम छोड़कर चली गईं.
आयोजकों का दावा है कि इस घटना से स्पॉन्सर नाराज हो गए और उन्होंने भुगतान की पूरी रकम रोक दी. इससे करीब 20 लाख रुपये का नुकसान हुआ. उनका कहना है कि विवाद का असर उनकी कारोबारी प्रतिष्ठा पर भी पड़ा और उन्हें मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ा.
नोटिस में 1.20 करोड़ रुपये की मांग क्यों?
आयोजकों ने अंजलि को भेजे गए कानूनी नोटिस में कुल 1.20 करोड़ रुपये की मांग की है. इसमें 20 लाख रुपये आर्थिक नुकसान के लिए और एक करोड़ रुपये कथित सामाजिक, व्यावसायिक और मानसिक क्षति के लिए मांगे गए हैं.
अधिवक्ता ने कहा कि अगर पुलिस उनकी शिकायत पर एफआईआर दर्ज नहीं करती है तो वे वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के सामने अपनी बात रखेंगे. आयोजकों ने अंजलि से कानपुर के लोगों से माफी मांगने की मांग भी की है.
‘कच्चा बादाम’ गाने को लेकर भी हुआ था विवाद
कार्यक्रम के आयोजक अमन निगम ने अंजलि की ओर से लगाए गए आरोपों को गलत बताया है. अमन का दावा है कि कार्यक्रम के दौरान अंजलि के व्यवहार को वहां मौजूद लोगों ने देखा था.
उनके मुताबिक, कार्यक्रम में ‘कच्चा बादाम’ गाना बजने के बाद अंजलि नाराज हो गई थीं. इसी गाने पर वीडियो बनाने के बाद अंजलि को सोशल मीडिया पर काफी पहचान मिली थी. अमन का आरोप है कि गाना बजने पर अंजलि ने आपत्ति जताई और वहां मौजूद लोगों के प्रति नाराजगी जाहिर की. इसके बाद उन्होंने आयोजन से जुड़े लोगों को भी खरी-खोटी सुनाई.
अमन का कहना है कि अगर अंजलि को गाने या कार्यक्रम की किसी व्यवस्था से परेशानी थी, तो उन्हें पहले ही अपनी शर्तें और निर्देश स्पष्ट कर देने चाहिए थे.
अंजलि अरोड़ा ने कहा- गाने से नहीं, सुरक्षा और निजता को लेकर थी परेशानी
अंजलि अरोड़ा ने 19 अक्टूबर को इंस्टाग्राम पर तीन वीडियो पोस्ट कर विवाद पर अपना पक्ष रखा था. उन्होंने स्पष्ट किया था कि उन्हें ‘कच्चा बादाम’ गाने से कोई परेशानी नहीं है. उनके मुताबिक, इसी गाने ने उन्हें बड़ी संख्या में लोगों के बीच पहचान दिलाई.
अंजलि ने आरोप लगाया था कि कार्यक्रम के दौरान उनकी सुरक्षा और निजी जीवन में दखल दिया जा रहा था. उन्होंने कहा था कि उनके कमरे की घंटी बार-बार बजाई जा रही थी और कई लोग उनके साथ फोटो खिंचवाने के लिए वहां पहुंच रहे थे. इस वजह से वह असहज महसूस कर रही थीं. उन्होंने यह भी कहा था कि उनकी नाराजगी कानपुर के लोगों से नहीं, बल्कि कुछ लोगों के व्यवहार से थी.
आयोजकों ने सुरक्षा व्यवस्था पर क्या कहा था?
अंजलि के बयान के बाद आयोजक आशीष गुप्ता ने उनके आरोपों को खारिज किया था. आशीष के मुताबिक, एयरपोर्ट से होटल ले जाने वाली गाड़ी में अंजलि के साथ गाड़ी का मालिक भी मौजूद था. हालांकि, वापसी के समय गाड़ी में अंजलि के साथ केवल उनकी मैनेजर थीं.
आशीष ने दावा किया था कि होटल में अंजलि की टीम के सदस्य और दो बाउंसर मौजूद थे. उनकी सुरक्षा के लिए यूपी की गोल्ड मेडलिस्ट महिला बाउंसर की भी व्यवस्था की गई थी.
इस तरह, विवाद में दोनों पक्षों के दावे अलग-अलग हैं. आयोजक तय समय से कम प्रस्तुति देने और आर्थिक नुकसान का आरोप लगा रहे हैं, जबकि अंजलि ने सुरक्षा और निजता से जुड़ी परेशानियों को अपनी नाराजगी की वजह बताया है.
ADVERTISEMENT











