Nag Panchami 2026: सावन के तीसरे सोमवार को मनाई जाएगी नाग पंचमी, जानें शुभ मुहूर्त और पूजा करने की पूरी विधी
यूपी तक
• 04:03 PM • 16 Aug 2026
17 अगस्त 2026 को सावन के तीसरे सोमवार और नाग पंचमी का दुर्लभ महासंयोग बन रहा है. इस दिन भगवान शिव और नाग देवता की पूजा का विशेष महत्व है. जानें नाग पंचमी 2026 का शुभ मुहूर्त, सही पूजा विधि, कालसर्प दोष शांति और धन प्राप्ति के लिए शिव पुराण में बताया गया अपराजिता फूल का अचूक उपाय.
ADVERTISEMENT


1/7
|
सावन का पवित्र महीना शिवभक्तों के लिए इस बार एक अद्भुत और दुर्लभ संयोग लेकर आया है. 17 अगस्त 2026 को सावन के तीसरे सोमवार के दिन ही नाग पंचमी का पावन पर्व भी मनाया जाएगा. चूंकि भगवान शिव के गले में नागराज आभूषण की तरह लिपटे रहते हैं, इसलिए इस दिन शिवजी के साथ नाग देवता की पूजा करने से आराधना का फल कई गुना बढ़ जाता है.


2/7
|
हिन्दू पंचांग की गणना के अनुसार, इस वर्ष सावन शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि 16 अगस्त की शाम 04:52 बजे प्रारंभ हो जाएगी और इसका समापन 17 अगस्त को शाम 05:00 बजे होगा. हिन्दू धर्म में उदया तिथि का विशेष महत्व है, इसलिए नाग पंचमी का यह पावन त्योहार 17 अगस्त, सोमवार को ही श्रद्धापूर्वक मनाया जाएगा.
ADVERTISEMENT


3/7
|
ज्योतिष के अनुसार नाग पंचमी की पूजा हमेशा सुबह के समय करना सबसे फलदायी माना जाता है. 17 अगस्त को पूजा-अर्चना के लिए सुबह 06:04 बजे से लेकर 08:39 बजे तक का समय सबसे शुभ (मुहूर्त) है. (ध्यान दें: आपके शहर के स्थानीय सूर्योदय के अनुसार इस समय में कुछ मिनटों का मामूली अंतर आ सकता है.)


4/7
|
धार्मिक मान्यताओं में सावन सोमवार और नाग पंचमी के एक साथ पड़ने को बेहद प्रभावशाली माना गया है. जो भक्त इस दिन एक साथ भोलेनाथ का जलाभिषेक और नाग देवता का पूजन करते हैं, उनके परिवार को सर्प दोष से मुक्ति मिलती है. ज्योतिष में इस दिन को राहु-केतु और कालसर्प दोष की शांति के लिए सर्वोत्तम माना गया है.
ADVERTISEMENT


5/7
|
कल सुबह उठकर स्नान के बाद स्वच्छ कपड़े पहनें और व्रत-पूजा का संकल्प लें. सबसे पहले शिवलिंग पर जल, कच्चा दूध, बेलपत्र, धतूरा, अक्षत और फूल अर्पित करें. इसके बाद नाग देवता की तस्वीर या मूर्ति पर पुष्प, अक्षत, धूप-दीप और नैवेद्य चढ़ाकर नाग पंचमी की कथा सुनें और अंत में शिव-नाग आरती करें.


6/7
|
इस दुर्लभ महासंयोग में धन-धान्य की प्राप्ति के लिए शिव पुराण में एक विशेष उपाय बताया गया है. सोमवार के दिन शिवलिंग पर नीले रंग का अपराजिता फूल (नील पुष्प) जरूर अर्पित करें. मान्यता है कि इस अचूक उपाय को करने से जीवन से दरिद्रता का नाश होता है और पुराने से पुराने कर्ज से भी मुक्ति मिलती है.
ADVERTISEMENT


7/7
|
नाग पंचमी के दिन भूलकर भी जीवित सांपों को पकड़ने या उन्हें जबरदस्ती दूध पिलाने की गलती न करें, इससे जीवों को कष्ट होता है. पूजा के लिए हमेशा नाग देवता की मूर्ति या तस्वीर का ही इस्तेमाल करें. इस पावन दिन पर किसी भी जीव को न सताएं और अपने मन को शांत रखते हुए क्रोध व विवाद से पूरी तरह दूर रहें.
ADVERTISEMENT










