Lucknow Dowry Death News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के ठाकुरगंज इलाके से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जहां शादी के महज 6 महीने के भीतर एक नवविवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई. सोमवार सुबह काशी विहार इलाके में 29 वर्षीय श्वेता सिंह का शव उसके ससुराल में फंदे से लटका हुआ बरामद हुआ. इस घटना के बाद से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है. मृतका के मायके वालों ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए लगातार प्रताड़ित करने और श्वेता की हत्या करने का बेहद गंभीर आरोप लगाया है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मृतका के पति, सास-ससुर, ननद और देवर समेत परिवार के 5 लोगों के खिलाफ संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कर मामले की तफ्तीश शुरू कर दी है.
ADVERTISEMENT
शादी के दिन ही दूल्हे ने दिखाई थी बेरहमी
ठाकुरगंज के विश्वनगर मल्हाई टोला की रहने वाली श्वेता सिंह की शादी 22 नवंबर 2025 को काशी विहार निवासी शिवम सिंह उर्फ भूपेंद्र सिंह के साथ हुई थी, जो एक लैब में काम करता है. श्वेता तीन बहनों में सबसे छोटी और सबकी लाडली थी. बहनों ने बताया कि उन्होंने अपनी हैसियत से बढ़कर बहुत धूमधाम से श्वेता की शादी की थी, लेकिन उन्हें नहीं पता था कि उसका अंजाम इतना खौफनाक होगा. बड़ी बहन के मुताबिक, शादी वाले दिन ही दूल्हे भूपेंद्र ने दहेज की एक बड़ी मांग रख दी थी. जब मांग पूरी नहीं हो सकी, तो वह इस कदर भड़क गया कि विदाई के वक्त श्वेता को किसी से मिलने तक नहीं दिया. उस समय दामाद को शांत करने के लिए श्वेता के बुजुर्ग पिता ने उसके पैर तक पकड़ लिए थे, लेकिन भूपेंद्र का दिल नहीं पघला.
बेड-सोफे पर ताने और स्कॉर्पियो की मांग
परिजनों का आरोप है कि शादी के बाद से ही ससुराल में श्वेता का जीना दूभर कर दिया गया था. कम दहेज को लेकर उसे शारीरिक और मानसिक रूप से लगातार टॉर्चर किया जा रहा था. पति भूपेंद्र मायके से मिले बेड और सोफे की हमेशा निंदा करता था और लगातार स्कॉर्पियो गाड़ी की मांग पर अड़ा हुआ था. शनिवार रात श्वेता अपनी बीमार मां (सविता सिंह) को देखने अस्पताल आई थी और फिर ससुराल लौट गई. रविवार सुबह करीब 11 बजे मायके वालों को फोन आया कि श्वेता ने खुदकुशी कर ली है. भाई का कहना है कि जब तक वे वहां पहुंचे, ससुराल वाले शव को फंदे से उतारकर किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) के ट्रॉमा सेंटर ले जा चुके थे. बहन ने बताया कि 24 मई को मुलाकात के वक्त श्वेता बिल्कुल ठीक थी, लेकिन ट्रॉमा सेंटर में उसकी लाश देखने पर पैरों में गंभीर चोट और खून के निशान मिले, जो हत्या की ओर इशारा करते हैं.
ननद-सास की क्रूरता आई सामने
श्वेता की बहनों ने ससुराल वालों के जुल्म की कई और परतें खोलते हुए बताया कि भूपेंद्र को श्वेता का काम करना पसंद नहीं था और उसने शादी के समय उसकी नौकरी छुड़वा दी थी. हालांकि, श्वेता आत्मनिर्भर बनने के लिए दोबारा जॉब करना चाहती थी. घर में जब भी विवाद होता, तो श्वेता की ननद व्हाट्सएप स्टेटस लगाकर उसे और उसके परिवार को सरेआम जलील करती थी. छोटी बहन ने ननद के उन विवादित स्टेटस के स्क्रीनशॉट भी दिखाए हैं, जिनमें लिखा था— *'जो खुद सूअर और सूअर जैसे खानदान में रह रही हो, उसे सब वैसे ही नजर आते हैं'* और *'जिन लड़कियों को सास-ससुर या ननद पसंद नहीं, वे अनाथालय में शादी करें.'* श्वेता अक्सर ये बातें मायके में बताती थी, लेकिन परिजनों ने इसे सामान्य घरेलू अनबन समझकर एडजस्ट करने की सलाह दी, जिसका उन्हें अब जिंदगी भर का अफसोस है.
पति-ससुर समेत 5 पर FIR दर्ज हुई
इस हाई-प्रोफाइल मामले पर लखनऊ पुलिस पूरी तरह एक्शन मोड में है. डीसीपी पश्चिम कमलेश कुमार ने बताया कि पीड़ित परिवार की तहरीर और उनके द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों को आधार बनाते हुए पुलिस ने तत्काल केस दर्ज कर लिया है. पुलिस ने मृतका के पति भूपेंद्र सिंह, ससुर कौशलेंद्र सिंह, सास रचना सिंह, देवर बंटी सिंह और ननद प्रिया सिंह के खिलाफ संबंधित कानूनी धाराओं में नामजद मुकदमा पंजीकृत किया है. डीसीपी ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है. फिलहाल पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है, रिपोर्ट आने और विस्तृत जांच पूरी होने के बाद आरोपियों के खिलाफ आगे की सख्त से सख्त कानूनी और विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी.
ADVERTISEMENT









