सिंह राशि में बना सूर्य-केतु का खतरनाक योग, इन 5 राशियों को सतर्क रहने की चेतावनी!

यूपी तक

• 06:00 AM • 20 Aug 2026

सिंह राशि में सूर्य और केतु की युति से शक्तिशाली सूर्य-केतु योग का निर्माण हो रहा है. मघा नक्षत्र में सूर्य के गोचर से मिथुन, कर्क, सिंह, वृश्चिक और कुंभ राशि के जातकों को करियर, स्वास्थ्य, धन और पारिवारिक जीवन में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है.

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ज्योतिष में सूर्य को आत्मा, पिता व आत्मविश्वास का कारक माना जाता है. वहीं केतु अलगाव और मानसिक तनाव का प्रतीक हैं. 17 अगस्त को सूर्य ने अपनी स्वराशि सिंह और केतु के मघा नक्षत्र में प्रवेश कर लिया है. सिंह राशि में पहले से मौजूद केतु के साथ सूर्य का यह मिलन 'सूर्य-केतु युति' बना रहा है जिससे 5 राशियों को विशेष संभलकर रहना होगा.
 

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आपकी राशि के तीसरे भाव में यह युति बन रही है. इसके प्रभाव से बनते हुए कामों में अचानक अड़चनें आ सकती हैं और मेहनत का फल देरी से मिलेगा. भाई-बहनों से वाद-विवाद से बचें और ऑफिस में सहकर्मियों से बहस करने के बजाय सिर्फ अपने काम पर ध्यान दें.
 

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कर्क राशि के दूसरे भाव (धन और वाणी) में यह संयोग बन रहा है. अनचाहे खर्चे बढ़ सकते हैं और कड़वे बोल रिश्तों में दरार डाल सकते हैं. इस दौरान किसी को उधार देने या जोखिम भरे निवेश से पूरी तरह बचें और बातचीत में शब्दों का चयन सोच-समझकर करें.
 

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सूर्य का गोचर आपकी ही राशि (प्रथम भाव) में हुआ है जहां केतु पहले से मौजूद हैं. इससे स्वभाव में गुस्सा, चिड़चिड़ापन या भ्रम की स्थिति बन सकती है. अहंकार से बचें, जल्दबाजी में करियर या पैसों का बड़ा फैसला न लें और पिता व अधिकारियों से संबंध न बिगड़ने दें.
 

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आपकी राशि के 10वें भाव (करियर स्थान) में यह प्रभाव रहेगा. नौकरी व बिजनेस में सीनियर्स के साथ तालमेल बिगड़ सकता है या काम का दबाव बढ़ सकता है. नौकरी बदलने या नया काम शुरू करने में जल्दबाजी न करें और वाहन चलाते समय खास सतर्कता बरतें.
 

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कुंभ राशि के सातवें भाव (वैवाहिक जीवन व पार्टनरशिप) में यह गोचर हो रहा है. जीवनसाथी के साथ बेवजह की गलतफहमियां उभर सकती हैं. बिजनेस पार्टनरशिप में किसी भी दस्तावेज पर बिना पढ़े दस्तखत न करें और हर मसले को बातचीत से सुलझाएं.
 

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सूर्य-केतु युति के नकारात्मक प्रभाव को कम करने के लिए प्रतिदिन सुबह तांबे के लोटे में जल भरकर सूर्यदेव को अर्घ्य दें. जल अर्पित करते समय 'ऊं सूर्याय नमः' मंत्र का स्पष्ट जाप करें.

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