प्रेमानंद महाराज के शिष्य रसिक दुलारी ने क्यों छोड़ दिया था अपना घर? वृंदावन आते ही दीपक लोधी के साथ क्या-क्या हुआ
वृंदावन के प्रसिद्ध राधा केली कुंज आश्रम से जुड़े साधक रसिक दुलारी शरण की संदिग्ध मौत ने कई सवाल खड़े किए हैं. रसिक दुलारी शरण का मूल नाम दीपक लोधी था और उनकी उम्र 29 साल थी. लेकिन उनकी मौत से जुड़े सवालों के बीच यह जानना भी अहम है कि आखिर दीपक लोधी कौन थे और उन्होंने अपना घर क्यों छोड़ा?
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Rasik Dulari Sharan Life Story (Photo Generated By AI)
Rasik Dulari Sharan News: वृंदावन के प्रसिद्ध राधा केली कुंज आश्रम से जुड़े साधक रसिक दुलारी शरण की संदिग्ध मौत ने कई सवाल खड़े किए हैं. रसिक दुलारी शरण का मूल नाम दीपक लोधी था और उनकी उम्र 29 साल थी. लेकिन उनकी मौत से जुड़े सवालों के बीच यह जानना भी अहम है कि आखिर दीपक लोधी कौन थे और उन्होंने अपना घर क्यों छोड़ा? उपलब्ध जानकारी के मुताबिक दीपक एक साधारण किसान परिवार से आते थे. खेती-किसानी, पढ़ाई और मां नर्मदा की भक्ति के बीच उनका झुकाव धीरे-धीरे आध्यात्म की तरफ बढ़ता गया और यही उन्हें वृंदावन तक ले आया.
