लखनऊ: कौन है बुर्का पहने नजर आई मिस्ट्री वुमन? महिला का संघर्ष जानकर लोग कर रहे सैल्यूट

सत्यम मिश्रा

ADVERTISEMENT

UPTAK
social share
google news

Lucknow News: सोशल मीडिया पर इन दिनों तस्वीरें जमकर वायरल हो रही है, जिसमें महिला बुर्का पहने हुए एक फूड सप्लाई कंपनी का बैग लेकर जाते दिख रही है. तस्वीर को लेकर तरह-तरह के दावे किए जा रहे हैं. कुछ लोग महिला को मिस्ट्री वुमेन बता रहे हैं तो कुछ लोग कह रहे हैं कि ये स्विगी की डिलिवरी एजेंट है. तस्वीर की सच्चाई क्या है इसकी सच्चाई यूपी तक की टीम ने बता लगाई. सोशल मीडिया पर फोटो वायरल होने के बाद यूपी तक की टीम महिला को ढूंढ निकाला.

जिस महिला का यह फोटो वायरल हो रहा है उसका नाम रिजवाना है और वह राजधानी लखनऊ की रहने वाली है. महिला का परिवार आर्थिक तंगी का शिकार हैं. इस वजह से रिज़वाना को काम के लिए बाहर निकलना पड़ा, ताकि उसके परिवार को दो वक़्त की रोटी नसीब हो सके.

लखनऊ में रिजवाना एक सकरी गली के अंदर 16 बाई 8 के कमरे में रहती हैं. उसी कमरे में ही एक तरह किचन है तो दूसरी तरह शौचालय है. साथ ही नहाने के लिए कोई बाथरुम भी नहीं है, रिजवाना और उनके बच्चे कमरा बंद करके उसी में नहाते हैं. कपड़े सुखाने के लिए भी घर में कोई जगह नहीं है, इस लिए कमरे में ही डोरी बांधकर कपड़े सुखाए जाते हैं. यूपी तक की टीम ने रिजवाना से बात की तो उसे अपने संघर्ष की कहानी अपनी जुबानी सुनाई. रिजवाना ने बताया कि कड़कड़ाती ठंड में सुबह 8 बजे ही वह अपना स्विगी का बैग लेकर काम पर निकल जाती हैं. वह रोज पैदल लगभग 25 किलोमीटर का सफर तय करती है.

यह भी पढ़ें...

ADVERTISEMENT

रिजवाना बताती है कि उनके पास जो स्विगी कंपनी का बैग है, उसे डालीगंज से 50 रुपए में एक आदमी से खरीदा था. ताकि वह अपना सारा बेचने का सामान उसमें रख सके. रिजवाना बताती हैं कि वह स्विगी कंपनी में काम नहीं करती है बल्कि डिस्पोजल जैसे प्लास्टिक के चम्मच,प्लेट,पन्नियां, चाय के कप इन सभी को बैग में रखकर दुकानदारों के पास जाकर उसे बेचती हैं.

यूपी तक से बातचीत में रिजवाना ने आगे बताया कि इसके अलावा वह खाना बनाने का भी काम करती हैं. जहां से उन्हें 3 हज़ार रुपए मिल जाते हैं. कुल मासिक आय का है 5 से 6 हज़ार तक की हो जाती है. लेकिन इस छोटी सी आय से उनका घर नहीं चल पाता है. क्योंकि घर में उनको लेकर 4 लोग हैं, दो बेटियां और एक छोटा बेटा. वहीं एक बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है. रिजवाना ने आगे बताया कि उनके पति पिछले 3 सालों से मिसिंग चल रहे हैं. उनको बहुत ढूंढने की कोशिश की गई लेकिन वह नहीं मिले. रिजवाना के पति रिक्शा चलाने का काम करते थे. रिज़वाना हमेशा आस लगाए रहती हैं कि कभी उनके पति वापस आ जाएंगे और सब कुछ ठीक हो जाएगा. रिजवाना ने सरकार से मांग की है कि अगर उन्हें रहने के लिए घर दे दे तो वह अपना गुजारा किसी तरह से कर लेगी. रिजवाना ने यह भी बताया कि आसपास के लोग उनके मेहनत की तारीफ करते हैं कि उन्होंने किसी के आगे हाथ नहीं फैलाया.

रामपुर: रूठ कर आबादी में आ जाता है नाग, मनाने आती है नागिन, अब पूरा गांव हुआ परेशान

ADVERTISEMENT

    follow whatsapp

    ADVERTISEMENT