काशी कॉरिडोर पर करना चाहिए था संत-महात्मा से विमर्श: सतीश चंद्र मिश्रा

ADVERTISEMENT

UPTAK
social share
google news

वाराणसी. बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के राष्ट्रीय महासचिव और राज्यसभा सांसद सतीश चंद्र मिश्रा ने आजतक से खास बातचीत में कहा, “ब्राह्मणों और प्रबुद्ध वर्ग के ऊपर और दलितों के भी ऊपर अत्याचार हो रहें हैं. ऐसे में मिलकर आवाज उठाने की जरूरत है. इसीलिए हमने ब्राह्मणों से कहा कि इस सरकार का अब असली चेहरा पहचानिए और अपने कर्तव्य के तहत सही जानकारी देने का काम भी करिए.”

मिश्रा ने वाराणसी में प्रबुद्ध वर्ग के सम्मान, सुरक्षा व तरक्की आदि को लेकर आयोजित विचार-संगोष्ठी में कहा कि अगर अब भी ब्राह्मण नहीं खड़े होंगे तो वे भगवान परशुराम के वंशज नही माने जाएंगे.

अयोध्या, मथुरा और फिर काशी में ब्राह्मण सम्मेलन के ट्रायंगल, प्लानिंग और काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के नाम पर मंदिरों को तोड़े जाने का मुद्दा उठाने के सवाल के जवाब में बसपा महासचिव सतीश चंद्र मिश्रा ने कहा कि हमारी कोई प्लानिंग नहीं है. अयोध्या से भगवान श्रीराम का दर्शन करके अभियान शुरू किया है और पूरे यूपी के 75 जिलों में सम्मेलन के साथ यह अभियान खत्म होगा.

यह भी पढ़ें...

ADVERTISEMENT

मिश्रा ने आगे बताया कि वह अयोध्या के बाद मथुरा में गए. वहां उन्होंने दर्शन किया फिर आसपास के जिलों में भी सम्मेलन किया. काशी में सम्मेलन करने के बाद वह कल दर्शन के लिए विंध्याचल जाएंगे फिर मिर्जापुर में विचार-संगोष्ठी को सम्बोधित करेंगे.

विश्वनाथ कॉरिडोर के बहाने ब्राह्मण वोट साधने पर क्या कहा?

ADVERTISEMENT

काशी विश्वनाथ कॉरिडोर से जुड़े सवाल के जवाब में बसपा नेता सतीश मिश्रा ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि काशी विश्वनाथ कॉरिडोर के नाम पर मंदिरों को ध्वस्त किया गया है, वे सभी प्राण प्रतिष्ठित मूर्तियां थीं. उनको तोड़ने का औचित्य नहीं समझ आया और मंदिर में घूमने के बाद ही हमने अपनी बात रखी.

विश्वनाथ कॉरिडोर के मुद्दे के बहाने ब्राह्मण वोट साधने की कोशिश करने के सवाल के जवाब में सतीश मिश्रा ने कहा कि कॉरिडोर का निर्माण तो सरकार व्यवसायीकरण के तहत कर रही है. बाबा विश्वनाथ के मंदिर का सौंदर्यीकरण नहीं, बल्कि ऐसा लग रहा है कि एक पर्यटन स्थल बन रहा है. बाबा विश्वनाथ का पौराणिक महत्व खत्म हो रहा है.

ADVERTISEMENT

“कॉरिडोर पर संत महात्मा से भी विचार-विमर्श करना चाहिए था”

उन्होंने कहा कि कॉरिडोर बनाकर मां गंगा को पाटने की कोशिश की जा रही है और गंगा का अर्धचंद्राकार रूप भी बदला जा रहा है. ये सब कुछ आने-जाने के लिए किया जा रहा है. ये ठीक नहीं है. ऐसा करने से पहले वाराणसी के संत महात्मा से भी विचार-विमर्श करना चाहिए था. ये मंदिर का ध्वस्तीकरण करके दुकान और कॉरिडोर बना रहे हैं.

जनसंख्या नियंत्रण कानून के मसौदे को मुद्दों से भटकाने की कोशिश बताया

यूपी लॉ कमिशन की ओर से जनसंख्या नियंत्रण कानून का मसौदा बनाने और सीएम योगी आदित्यनाथ को सौंप देने के सवाल के जवाब में सतीश मिश्रा ने कहा कि इस तरह का कोई फैसला आया नहीं है. ये खाली लोगों को भ्रमित करने की चीजें हैं. लोगों को मूल मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश के लिए इस तरह की चीजों को बीच-बीच में उछाला जाता है.

    follow whatsapp

    ADVERTISEMENT