चेहरे की त्वचा पर काले धब्बे, पैचेज या रंगत में असमानता नजर आना अक्सर पिगमेंटेशन का संकेत होता है. यह समस्या तब होती है जब स्किन में मेलानिन नामक तत्व का असंतुलन हो जाता है.
पिगमेंटेशन के कारण चेहरा बेजान, थका हुआ और अनहेल्दी दिखने लगता है, जिससे आत्मविश्वास भी प्रभावित होता है. यह समस्या हार्मोनल बदलाव, सूरज की तेज़ किरणें, स्किन इंफेक्शन या उम्र बढ़ने के साथ भी हो सकती है.
अच्छी बात यह है कि कुछ आसान घरेलू नुस्खों, स्किनकेयर प्रोडक्ट्स और लाइफस्टाइल में बदलाव की मदद से पिगमेंटेशन को काफी हद तक कम किया जा सकता है. आइए जानते हैं ऐसे ही कुछ असरदार उपाय जो आपकी त्वचा को दोबारा निखार सकते हैं.
एलोवेरा जेल लगाएं: एलोवेरा में मौजूद “ऐलोसिन” नामक तत्व त्वचा की रंगत को सुधारता है और पिगमेंटेशन को हल्का करता है. रात में सोने से पहले लगाएं.
नींबू और शहद का मिश्रण: नींबू में ब्लीचिंग एजेंट और शहद में मॉइश्चर होता है. यह मिश्रण टैनिंग और दाग-धब्बों को हल्का करने में मदद करता है.
सनस्क्रीन का नियमित इस्तेमाल करें: सूरज की UV किरणें पिगमेंटेशन को बढ़ाती हैं. SPF 30+ वाला ब्रॉड स्पेक्ट्रम सनस्क्रीन रोज़ाना लगाना जरूरी है.
विटामिन C सीरम अपनाएं: विटामिन C एक बेहतरीन एंटीऑक्सीडेंट है जो स्किन को ब्राइट करता है और डार्क स्पॉट्स को कम करता है.
नीम और हल्दी का पेस्ट: ये दोनों ही तत्व एंटी-बैक्टीरियल होते हैं और स्किन टोन को संतुलित करते हैं. सप्ताह में 2-3 बार लगाएं.
रासायनिक एक्सफोलिएशन (AHA/BHA): अगर डॉक्टर की सलाह से इस्तेमाल करें तो स्किन की मृत कोशिकाएं हटाकर नई चमकदार त्वचा उभरने में मदद मिलती है.
पर्याप्त पानी पिएं और हेल्दी डाइट लें.अंदर से हाइड्रेटेड और न्यूट्रिशन से भरपूर शरीर स्किन पर भी असर डालता है. विटामिन A, C और E से भरपूर आहार लें.
डर्मेटोलॉजिस्ट से मिलें: अगर पिगमेंटेशन ज्यादा गहरा या पुराना हो तो किसी स्किन स्पेशलिस्ट से मिलें. वे मेडिकेटेड क्रीम्स या लेजर ट्रीटमेंट सुझा सकते हैं.