इलाहाबाद हाई कोर्ट ने सपा नेता आजम खान को दी जमानत, क्या जेल से आएंगे बाहर?

सीतापुर जेल में बंद समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान को जमानत मिल गई है. इलाहाबाद हाई कोर्ट ने शत्रु संपत्ति हड़पने के मामले में आजम खान को दो महीने के लिए अंतरिम जमानत दे दी है. आजम खान ने मोहम्मद अली जौहर विश्वविद्यालय के लिए यह जमीन कथित रूप से हड़पी थी.

यह आदेश न्यायमूर्ति राहुल चतुर्वेदी द्वारा पारित किया गया. आजम खान को अंतरिम जमानत इस शर्त पर दी गई है कि उन्हें संपूर्ण शत्रु संपत्ति अर्द्धसैनिक बल को लौटानी होगी और एक लाख रुपये का निजी मुचलका और इतनी ही राशि की दो प्रतिभूति जमा करनी होगी.

लेकिन आजम खान अभी जेल से नहीं छूट पाएंगे. हाल ही में एक पुराने केस में शिकायत के बाद पुलिस ने आजम खान के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की है.

अहम बिंदु

बता दें कि हाल ही में फर्जी दस्तावेजों के सहारे तीन स्कूलों की मान्यता दिलाने के आरोप में आजम खान के खिलाफ एक केस दर्ज किया गया है. इसी केस के साथ ही उनके खिलाफ कुल 88 मामले दर्ज हो चुके हैं, जिसमें से उन्हें 87 मामलों में जमानत मिल गई है और एक मामला अभी लंबित है. इस नए केस में उन्हें अभी जमानत नहीं मिली है. ऐसे में सपा नेता आजम खान को अभी सीतापुर जेल में ही रहना पड़ेगा.

उल्लेखनीय है कि आजम खान और अन्य लोगों पर कथित तौर पर शत्रु संपत्ति हड़पने और सैकड़ों करोड़ रुपये से अधिक के सरकारी धन का दुरुपयोग करने के लिए रामपुर के आजम नगर पुलिस थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी.

यह प्राथमिकी भारतीय दंड संहिता की धारा 120-बी, 201, 409, 447, 420, 467, 468, 471 के साथ ही लोक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम की धारा 2 के तहत दर्ज कराई गई थी.

प्राथमिकी में आरोप लगाया गया है कि देश के बंटवारे के दौरान इमामुद्दीन कुरैशी नाम का व्यक्ति पाकिस्तान चला गया और उसकी संपत्ति शत्रु संपत्ति के तौर पर दर्ज की गई, लेकिन आजम खान ने अन्य लोगों के साथ मिलीभगत कर 13.842 हेक्टेयर जमीन हड़प ली.

(भाषा के इनपुट्स के साथ)

आजम खान.
सपा नेता आजम खान की रिहाई का सपना टूटा, 27 महीनों से हैं सलाखों के पीछे

संबंधित खबरें

No stories found.